बिहार वित्त अनुदानित माध्यमिक शिक्षाकर्मी मंच समस्तीपुर जिला इकाई की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक सम्पन्न।

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बिहार संवाददाता सिकंदर राय की रिपोर्ट:-

बिहार वित्त अनुदानित माध्यमिक शिक्षा कर्मी मंच, पटना के जिला इकाई समस्तीपुर की विभिन्न मुद्दों को लेकर वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से एक बैठक आज जिला अध्यक्ष ऋषि कुमार पांडेय की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में कोविड-19 की वजह से विद्यालय के संचालन में हो रही परेशानी, वर्ग 9 में बच्चों का नामांकन, बोर्ड द्वारा जारी डमी पंजीयन कार्ड में सुधार, सरकार द्वारा वित्त अनुदानित शिक्षा कर्मियों को अनुदान निर्गत नहीं करने, वित्त अनुदानित उच्च विद्यालय वाले पंचायत में भी मध्य विद्यालय के उत्क्रमण से उत्पन्न समस्या आदि मुद्दे पर चर्चा हुई।
बता दें कि सरकार द्वारा अनुदानित शिक्षण संस्थानों का शोषण अनवरत जारी है। इन्हीं शिक्षाकर्मियों के बदौलत सरकार व बिहार बोर्ड माध्यमिक स्तर के बच्चों का परीक्षाफल पूरे देश में सर्वप्रथम जारी करने में अव्वल रहा। इसके बावजूद भी इन शिक्षकों को न मूल्यांकन का पारिश्रमिक भुगतान किया गया न ही विगत 7 वर्षों का अनुदान की भुगतान किया गया। इस बार की बजट में इन विद्यालय के कर्मियों को 2 सत्र के अनुदान भुगतान के लिए 630 करोड़ रुपए का आवंटन किया गया था जिसमें से सरकार ने पुनः 500 करोड़ की राशि करोना मद में खर्च करने के नाम पर वापस ले लिया। वहीं जिला सचेतक ऋषि कुमार पांडे ने सरकार से संवेदनशीलता का प्रदर्शन करते हुए विगत 7 वर्षों के बकाया अनुदान का एकमुश्त भुगतान करने मांग की। वही आई टी सेल के प्रेस प्रवक्ता ज्ञानेश्वर कुमार ने अनुदान नहीं मासिक वेतन देने की बात कही। उन्होंने कहा कि सरकार को एक अभिभावक की तरह राज्य के शिक्षा कर्मियों की इन जायज मांग को अभिलंब पूरा करने पर विचार करना चाहिए।नियत वेतन और अनुदान भुगतान के लिए पैसे वापस के लिए प्रदेश महासचिव आशुतोष कुमार सिंह के द्वारा लगातार मुख्यमंत्री /उपमुख्यमंत्री /शिक्षामंत्री जी को क ई बार पत्र प्रेषित किया गया है लेकिन अभी तक कोई सार्थक पहल दिखाई नही पड़ रहा है। बैठक में बिहार वित्त अनुदानित माध्यमिक शिक्षा कर्मी मंच पटना, जिला इकाई समस्तीपुर के सचिव धर्मेंद्र कुमार ठाकुर , उपाध्यक्ष रामलोचन राय, प्रेस प्रवक्ता रंजीत कुमार, महेंद्र झा, आकाश सक्सेना, राज्य प्रतिनिधि मनोज कुमार आदि दर्जनों शिक्षाकर्मी उपस्थित थे।